चिन्तन और पुनरान्वेषण की कालातीत कहानियों से परिपूर्ण, प्रेरणादायी क्लासिक द ॲल्केमिस्ट की अनिवार्य सहयोगी पुस्तक। यह हमारे समय के महानतम लेखकों में से एक की क़लम से निकली उन कहानियों और नीति-कथाओं का संग्रह है जो मानव-परिस्थिति के रहस्यों से परदा उठाती हैं। यह पाओलो कोएलो द्वारा इसी शीर्षक से लिखे गए कॉलम से ली गयी रचनाएँ हैं। मक्तूब का अर्थ है ‘जो लिखा हुआ है’। यह जिज्ञासुओं को आस्था, आत्ममन्थन और रूपान्तरण की यात्रा पर ले जाती है। जैसा कि कोएलो का कहना है, ‘मक्तूब परामर्श देने वाली पुस्तक नहीं है बल्कि अनुभवों का आदान-प्रदान है।’ संग्रह की हर कहानी जीवन और दुनिया भर के लोगों के जीवन को नये ढंग से देखने का प्रदीप्त मार्ग दर्शाती है, जिससे हमें अपनी सामूहिक और वैयक्तिक मानवता के बारे में सार्वभौमिक सच्चाइयों को जानने की गुंजाइश मिलती है। जैसा कि कोएलो ने लिखा है, ‘जो व्यक्ति केवल प्रकाश की खोज करता है और अपनी ज़िम्मेदारियों से जी चुराता है, वह कभी प्रबोध हासिल नहीं कर पाएगा। और जो अपनी नज़रों को सूरज पर टिकाये रखता है… वह अन्ततः अन्धत्व को प्राप्त होता है।’ इन प्रज्ञापूर्ण कहानियों में बोलते हुए सर्प, पर्वतारोहण करती बूढ़ी स्त्रियाँ, अपने गुरुओं के समक्ष जिज्ञासा व्यक्त करते शिष्य, वार्तालाप करते बुद्ध, रहस्यमय संन्यासी और विश्व के गूढ़ रहस्यों को बताते अनेक सन्त शामिल हैं। उनकी अन्तरराष्ट्रीय स्तर पर सर्वाधिक बिकने वाली पुस्तकों के मार्ग पर चलते हुए लघु प्रेरणादायी रचनाओं का यह संग्रह सभी उम्र और पृष्ठभूमि के जिज्ञासुओं को आकर्षित करेगा।
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| Dimensions | 25 × 20 × 4 cm |
|---|---|
| Binding | Paperback |
| ISBN | 978-9355435910 |
| Language | English |
| Pages | 220 |
| Publication date | 25 June 2024 |
| Publisher | Manjul Publishing House |
| Writer | Paulo Coelho |
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