Description

यह अमृता प्रीतम और इमरोज़ द्वारा एक-दूसरे को लिखे गए प्रेम-पत्रों का संकलन है, जिनसे इन दो अत्यधिक रचनात्मक व्यक्तियों के व्यक्तित्वों के संबंध में गोपनीय जानकारी प्राप्त होती है। इनके द्वारा पाठक उनके असाधारण संबंध के बारे में गहरी अंतर्दृष्टि प्राप्त करते हैं। इनसे उस समय के सामाजिक हालात पर भी रोचक प्रकाश पड़ता है। इसी में इन पत्रों का महत्त्व निहित है|

About the Author

अमृता प्रीतम पंजाबी के सबसे लोकप्रिय लेखकों में से एक थीं। उन्हें पंजाबी भाषा की पहली कवयित्री माना जाता है। उन्होंने कुल मिलाकर लगभग 100 पुस्तकें लिखी हैं, जिनमें उनकी चर्चित आत्मकथा ‘रसीदी टिकट’ भी शामिल है। उन्हें भारत का दूसरा सबसे बड़ा सम्मान पद्मविभूषण प्रदान किया गया था। साहित्य अकादमी पुरस्कार प्राप्त करने वाली वे पहली महिला लेखिका थीं। भारत के सर्वोच्च साहित्यिक पुरस्कार, ज्ञानपीठ पुरस्कार से भी वे सम्मानित की गई थीं। उन्हें अपनी पंजाबी कविता ‘अज्ज आखाँ वारिस शाह नूँ’ के लिए बहुत प्रसिद्धि प्राप्त हुई। इस कविता में भारत विभाजन के समय पंजाब में हुई भयानक घटनाओं का अत्यंत दुखद वर्णन है और यह भारत और पाकिस्तान दोनों देशों में सराही गई|

Additional information

Dimensions 21 × 14 × 2 cm
Binding

Paperback

ISBN

978-9353490256

Language

Hindi

Pages

224

Publication date

1 January 2018

Publisher

पेंगुइन बुक्स इंडिया

Writer

अमृता प्रीतम

Reviews

There are no reviews yet.

Be the first to review “Khaton ka safarnama by अमृता प्रीतम”

Your email address will not be published. Required fields are marked *


Related Products