Description

Vyomesh Shukla समकालीन हिंदी साहित्य के चर्चित कवि, लेखक और आलोचक हैं। उनकी लेखनी अपने अनोखे शिल्प, तीखे सामाजिक बोध और गहरी संवेदनशीलता के लिए जानी जाती है।

व्योमेश शुक्ल ने कविता, कहानी, निबंध और आलोचना के माध्यम से हिंदी साहित्य में एक अलग पहचान बनाई है। उनकी रचनाओं में समाज, राजनीति, संस्कृति और मनुष्य के भीतर चल रहे द्वंद्व को बेहद प्रभावशाली ढंग से प्रस्तुत किया जाता है।

“तुम हो कि मुकद्दमा लिखा देती हो” उनकी चर्चित कृतियों में शामिल है, जिसमें रिश्तों, भावनाओं और सामाजिक यथार्थ को एक विशिष्ट साहित्यिक शैली में अभिव्यक्त किया गया है। उनकी भाषा आधुनिक होने के साथ-साथ गहरी वैचारिक परतें भी रखती है, जो पाठकों को सोचने पर मजबूर करती हैं।

व्योमेश शुक्ल की रचनाएँ विशेष रूप से युवा पाठकों, साहित्य प्रेमियों और गंभीर पाठकों के बीच काफी लोकप्रिय हैं।

Additional information

ISBN

978-8195254941

Language

Hindi

Pages

185

Publication date

1 January 2023

Binding

Paperback

Writer

Vyomesh Shukla

Publisher

Rukh publications

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